प्रधानमंत्री मोदी के भव्य स्वागत के लिए काशी तैयार, भाजपा कार्यकर्ता उत्साहित

रविवार को प्रधानमंत्री देंगे अपने संसदीय क्षेत्र को 1200 करोड़ की परियोजनाओं का तोहफा

वाराणसी। एएनएन (Action News Network)

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के भव्य स्वागत के लिए पूरी काशी तैयार है। रविवार की सुबह संसदीय क्षेत्र में आ रहे प्रधानमंत्री के स्वागत में कोई कोर कसर न रह जाए, इसकी तैयारी शनिवार को सुबह से ही चलती रही। प्रशासनिक अफसरों के साथ भाजपा कार्यकर्ता और काशी क्षेत्र के पदाधिकारी भागदौड़ कर प्रधानमंत्री के कार्यक्रम स्थल पर तैयारियों का जायजा लेते रहे। 
प्रधानमंत्री के आगमन में 24 घंटे से भी कम समय देख भाजपा कार्यकर्ता प्रधानमंत्री के आने-जाने वाले मार्गों के अलावा प्रमुख चौराहों पर पोस्टर होर्डिंग टांगकर शहर को भगवामय बनाने में लगे रहे। सड़कोंं की साफ-सफाई और डिवाइडर पर रंग रोगन किया जा रहा है। इसके साथ ही डिवाइडरों पर हरे-भरे पौधों के गमले भी रखे जा रहे हैं।  

प्रधानमंत्री 63 फीट ऊंची पं.दीन दयाल उपाध्याय की प्रतिमा का करेंगे अनावरण   

रविवार सुबह अपने संसदीय क्षेत्र वाराणसी में आ रहे प्रधानमंत्री लगभग 1200 करोड़ रुपये की परियोजनाओं की सौगात देंगे। इसके अलावा पड़ाव स्थित पं. दीनदयाल उपाध्याय स्मृति उपवन में प्रधानमंत्री मोदी 63 फीट ऊंची पं.दीन दयाल उपाध्याय की प्रतिमा का अनावरण कर जनसभा को भी संबोधित करेंगे। जनसभा में ही प्रधानमंत्री वीडियो लिंक के जरिये आईआरसीटीसी की तीसरी कारपोरेट ट्रेन महाकाल एक्सप्रेस को हरी झंडी दिखाएंगे। 

प्रधानमंत्री काशी में आने के बाद बीएचयू हेलीपैड से सीधे जंगमबाड़ी मठ में आयोजित वीर शैव महाकुंभ में शामिल होंगे। यहां वह धार्मिक पुस्तक सिद्धांत शिखामणि ग्रंथ के 19 भाषाओं में अनुदित संस्करण और इसके मोबाइल एप का भी विमोचन करेंगे। प्रधानमंत्री बड़ालालपुर स्थित पं.दीन दयाल हस्तकला संकुल भी जायेंगे। यहां वह तीन दिवसीय यूपी क्राफ्ट प्रदर्शनी का उद्घाटन करने के बाद उत्तर प्रदेश इंस्टीट्यूट आॅफ डिजाइन और वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट कार्यक्रम में शिरकत करेंगे।

-जंगमबाड़ी मठ में लोकवाद्यों की मंगल ध्वनि के बीच प्रधानमंत्री का होगा स्वागत

जंगमबाड़ी मठ में आने पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का पारम्परिक लोकवाद्यों के मंगल ध्वनि और पुष्पवर्षा के बीच स्वागत होगा। मठ प्रबन्धन से जुड़े सूत्रों ने बताया 100 से अधिक कलाकार पारंपरिक परिधानों में जंगमबाड़ी मठ के बाहर सड़क के दोनों ओर खड़े रहेंगे। प्रधानमंत्री के जंगमबाड़ी मठ में प्रवेश करते ही चारों वेदों की ऋचाओं का सस्वर पाठ के साथ वेदपाठी बटुकों द्वारा ऋग्वेद, सामवेद, अथर्ववेद और यजुर्वेद के अनुसार मंगलाचरण किया जाएगा। मठ के मुख्य द्यार पर ही पीठाधीश्वर जगद्गुरु डॉ. चंद्रशेखर शिवाचार्य महास्वामी प्रधानमंत्री को प्रथम मल्लिकार्जुन बाबा की संजीवनी समाधि तक ले जाएंगे। जहां मठ की वैदिक पाठशला के आचार्य मल्लिकार्जुन शास्त्री पूजन और आरती कराएंगे।

पूजन के उपरांत प्रधानमंत्री को मुख्य दरबार हॉल ले जाया जाएगा जहां ज्ञानपीठ जंगमबाड़ी के पीठाधीश्वर उन्हें रुद्राक्ष की माला और अंगवस्त्रम के साथ मठ की ओर से उनके स्वस्थ, दीघार्यु होने तथा राष्ट्र सेवा में सतत समर्पित रहने का आशीर्वाद देंगे। मठ प्रबन्धन यहां खास रजत स्मृति चिह्न भी प्रधानमंत्री को प्रदान करेंगा। मठ के वीरशैव महाकुंभ में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ रम्भापुरी मठ के जगद्गुरु वीरसोमेश्वर शिवाचार्य महास्वामी, उज्जैनी पीठ के जगद्गुरु सिद्धलिंराज शिवाचार्य, श्रीशैलम् पीठ के जगद्गुरु डॉ. चन्नासिद्धारामा, काशी पीठ के जगद्गुरु डॉ. चंद्रशेखर शिवाचार्य, उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदी बेन, कर्नाटक के मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ एवं कर्नाटक के सांसद जयसिद्धेश्वर शिवाचार्य मंचासीन होंगे।

पड़ाव जनसभा में इन योजनाओं का लोकार्पण

पड़ाव में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी पं.दीन दयाल उपाध्याय की विशाल प्रतिमा का अनावरण करने के बाद लहरतारा चौकाघाट फ्लाईओवर, बीएचयू के वैदिक विज्ञान केंद्र सहित 1009 करोड़ की 34 परियोजनाओं का लोकार्पण और 208 करोड़ की कुल 14 परियोजनाओं का शिलान्यास करेंगे। इसमें बीएचयू के 430 बिस्तर वाले सुपर स्पेशलिटी अस्पताल और बीएचयू में 74 बेड के साइकिएट्री अस्पताल का उद्घाटन भी शामिल है। 

बीएचयू सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल में मरीजों को उच्च स्तरीय सुविधाएं मिलेगी

बीएचयू में नवनिर्मित 430 बेड के सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में मरीजों को विश्वस्तरीय सुविधाएं मिलेगी। एक अरब तिरसठ करोड़ तिहत्तर लाख रुपये की लागत की लगात से बने इस अस्पताल को प्रधानमंत्री स्वास्थ्य सुरक्षा योजना में केंद्रीय लोक निर्माण विभाग ने बताया है। प्रधानमंत्री ने इसका शिलान्यास 22 दिसम्बर 2016 को किया था। अस्पताल में रेडियोलॉजी, न्यूरो विज्ञान, न्यूरो शल्य चिकित्सा, गैस्ट्रो, किडनी, मधुमेह, जलने से संबंधित इलाज, प्लास्टिक सर्जरी और हृदय रोग का इलाज होगा। नवनिर्मित सात मंजिला अस्पताल पूरी तरह वातानुकूलित हैं जिसका कुल क्षेत्रफल लगभग 37000 वर्गमीटर है। इसमें 430 बेड, 13 अत्याधुनिक आपरेशन थियेटर, ओपीडी इत्यादि जैसी सुविधाएं मरीजों को प्राप्त होंगी। 

इसी क्रम में बीएचयू में ही नवनिर्मित 74 शैय्या युक्त मनोरोग अस्पताल 18 करोड़ रुपये की लागत से बना है। इसका निर्माण स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय भारत सरकार द्वारा किया गया है। अस्पताल में विभिन्न प्रकार के मानसिक रोगों का इलाज होगा। इसमें पृथककरण कक्ष, इलेक्ट्रो कार्डियोग्राफी, विद्युत मस्तिष्क लेखन, एमआरआई, तनाव प्रयोगशाला, प्ले थेरेपी, अवलोकन कक्ष, व्यावसायिक चिकित्सा, शयन प्रयोगशाला, लिथियम एवं ड्रग आकलन प्रयोगशाला, मनोवैज्ञानिक प्रयोगशालाएं संगोष्ठी कक्ष, पुस्तकालय भी है। पांच मंजिला अस्पताल पूरी तरह वातानुकूलित हैं। इसका कुल क्षेत्रफल लगभग 4050 वर्गमीटर है। 

महामना पं. मदनमोहन मालवीय कैंसर सेंटर मरीजों के लिए वरदान

बीएचयू में ही नव निर्मित महामना पं. मदनमोहन मालवीय कैंसर सेंटर 58.14 करोड़ रुपये से बना है। इसका शिलान्यास प्रधानमंत्री ने 22 दिसम्बर 2016 को किया था। पड़ाव जनसभा से ही प्रधानमंत्री बीएचयू में 11.29 करोड़ रुपये की लागत से बने वैदिक विज्ञान केंद्र का लोकार्पण भी करेंगे।