शपथ को न्योता, ‘गुरु’ अन्ना को भूले केजरीवाल!

अरविंद केजरीवाल के शपथग्रहण में अन्ना हजारे को अब तक नहीं मिला न्योता

शपथग्रहण समारोह के लिए केजरीवाल ने कई हस्तियों को आमंत्रित किया है लेकिन दिल्ली के रामलीला मैदान में होने वाले इस समारोह में समाजसेवी अन्ना हजारे को न्योता नहीं मिला है जिनके साथ केजरीवाल ने यहां भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ा आंदोलन किया था।

हाइलाइट्स

  • दिल्ली के रामलीला मैदान में अरविंद केजरीवाल के शपथग्रहण समारोह के लिए अन्ना हजार को आमंत्रण नहीं दिया गया
  • पहले कार्यकाल के दौरान जब केजरीवाल ने अन्ना को बुलाया था तो स्वास्थ्य कारणों से वजह से उन्होंने न्योता ठुकरा दिया था
  • अन्ना हजारे रालेगण सिद्धी में निर्भया के दोषियों की फांसी में देरी के चलते 20 दिसंबर से मौन व्रत धारण किए हुए हैं

पुणे। एएनएन (Action News Network)

दिल्ली में तीसरी बार मुख्यमंत्री के रूप में अरविंद केजरीवाल रविवार को शपथ लेंगे। शपथग्रहण समारोह के लिए केजरीवाल ने कई हस्तियों को आमंत्रित किया है लेकिन दिल्ली के रामलीला मैदान में होने वाले इस समारोह में समाजसेवी अन्ना हजारे को न्योता नहीं मिला है जिनके साथ केजरीवाल ने यहां भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ा आंदोलन किया था।

एक करीबी सूत्र ने खुलासा किया, ‘अपने पहले कार्यकाल के दौरान केजरीवाल ने अन्ना को शपथग्रहण समारोह के लिए बुलाया था लेकिन अन्ना ने स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए आने से इनकार कर दिया था और सीएम बनने की बधाई दी थी। इसके बाद भी केजरीवाल ने उन्हें कॉल किया था लेकिन अन्ना ने उनके फोन कॉल्स का कोई जवाब नहीं दिया था।’

अन्ना को नहीं मिला न्योता

अन्ना के सहयोगी ने बताया, ‘इस बार उन्हें कोई न्योता नहीं मिला।’ इस बारे में जब केजरीवाल से संपर्क की कोशिश की गई तो उनके सचिव ने कहा कि मुख्यमंत्री अभी किसी मीडियापर्सन से बात नहीं कर रहे हैं। मंगलवार को अन्ना हजारे से जब दिल्ली चुनाव में आम आदमी पार्टी की जीत और केजरीवाल के शपथग्रहण समारोह के बारे में पूछा गया तो वह सिर्फ मुस्कुरा कर रह गए और कोई जवाब नहीं दिया।

20 दिसंबर से मौन व्रत पर हैं अन्ना

अन्ना के सचिव संजय पठाडे ने कहा, ‘अन्ना स्पष्ट रूप से कह चुके हैं कि वह केजरीवाल के दिल्ली में फिर से वापस आने पर कोई कॉमेंट नहीं करेंगे।’ उन्होंने आगे कहा कि गांधीवादी विचारक अन्ना 20 दिसंबर से मौन व्रत पर हैं, वह निर्भया के दोषियों को फांसी में देरी की वजह से मौन धारण किए हुए हैं। अन्ना ने कहा कि वह तभी मौन व्रत तोड़ेंगे जब दोषियों को फांसी होगी। संजय ने यह भी बताया कि जब अन्ना को किसी मुद्दे पर कॉमेंट करना होता है तो वह पेपर पर लिखते हैं।

रालेगण में केजरीवाल की जीत का मना जश्न

संजय ने अन्ना हजारे को केजरीवाल की जीत के बारे में सूचना दी। इस पर अन्ना ने उनसे कागज पर किस पार्टी को कितनी सीटें मिलीं, यह पूछा। संजय ने बताया, ‘मैंने उन्हें बताया कि आम आदमी पार्टी को 62 सीटें मिलीं और बीजेपी को 8 सीटें।’ उन्होंने मुस्कुराया और लिखा, ‘ठीक आहे (ठीक है)। मैंने उनसे कहा कि मीडिया आपकी प्रतिक्रिया जानना चाहती है लेकिन उन्होंने कॉमेंट नहीं किया।’ हजारे के गांव रालेगण सिद्धी में केजरीवाल की जीत पर जश्न मनाया गया और पटाखे भी छुड़ाए गए।