अन्य राज्यहरियाणा

सोनीपत में SWAT कमांडो काजल की हत्या: पति ने रची थी साजिश, लाइव कॉल पर सुनाई हत्या

सोनीपत 

हरियाणा के सोनीपत जिले की रहने वाली दिल्ली पुलिस की कमांडो काजल की हत्या के मामले में अब एक के बाद एक सनसनीखेज खुलासे सामने आ रहे हैं। मृतका की मां मीना ने साफ आरोप लगाया है कि उनकी बेटी की हत्या अचानक नहीं, बल्कि पहले से सोची-समझी साजिश के तहत की गई।

मां का कहना है कि काजल अपने पति अंकुर के कई ऐसे राज जान चुकी थी, जिनके उजागर होने का डर उसे सता रहा था। इसी डर और लालच ने मिलकर उसकी बेटी और उसके पांच माह के अजन्मे बच्चे की जान ले ली। वहीं आज कमांडो काजल की अस्थियों को गंगा में विसर्जित किया गया है। बेटी की इसी प्रकार से मौत के बाद पूरे परिवार के लोग सदमे में है और न्याय की मांग कर रहे हैं।

वे 4 कारण… जिनके चलते कमांडो काजल की हत्या की गई… दहेज की मांग और परिवार की नापसंदगी:कमांडो काजल की मां मीना ने बताया कि अंकुर का परिवार शादी के पहले दिन से ही काजल को पसंद नहीं करता था। परिवार को उम्मीद थी कि उन्हें दहेज में गाड़ी और तिलक की रस्म में डेढ़ लाख रुपये नकद मिलेंगे। काजल के परिजनों ने अपनी आर्थिक स्थिति के अनुसार ही बेटी की शादी की थी, लेकिन गाड़ी और नकद रकम न मिलने के कारण ससुराल पक्ष लगातार ताने मारता रहा। मां के अनुसार, इसी बात को लेकर काजल को मानसिक और भावनात्मक रूप से प्रताड़ित किया जाने लगा। काजल ने जब यह बातें अपने पति अंकुर को बताईं और परिवार से अलग रहने की बात कही, तो अंकुर ने शुरुआती तौर पर तीन से चार बार मना किया। लेकिन जब विवाद ज्यादा बढ़ गया, तब दोनों दिल्ली के द्वारका स्थित फ्लैट में रहने चले गए।

परिवार से अलग रहने के बावजूद आर्थिक मदद:मां मीना ने बताया कि परिवार से अलग रहने के बावजूद अंकुर अपने माता-पिता और भाई को हर तरह की आर्थिक मदद देता रहा। इस बात को लेकर काजल लगातार विरोध करती थी। काजल का कहना था कि जिन लोगों ने उसके साथ इतना बुरा व्यवहार किया, उनके लिए अंकुर का अलग न होना उसे अंदर ही अंदर तोड़ रहा था। उसकी बेटी की सारी सैलरी लाेन में लगवाई हुई थी। 22 जनवरी को अंकुर ने अपने पिता को दिल्ली बुलाया। उसी दिन छोटे भाई की शादी के लिए करीब 15 लाख रुपये की ज्वेलरी खरीदी गई। इसके अलावा, उसी रात अंकुर ने अपने भाई को 7 हजार रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर भी किए। ज्वेलरी खरीदने और पैसे ट्रांसफर करने को लेकर काजल ने विरोध जताया, जिसके बाद पति-पत्नी के बीच तीखी कहासुनी हुई।

शादी से पहले और बाद के अफेयर:मां मीना ने बताया कि साल 2023 में जब काजल और अंकुर की शादी की बात चल रही थी, तब परिवार ने अंकुर के बारे में जानकारी जुटाई थी। कुछ दोस्तों ने बताया था कि अंकुर के अन्य लड़कियों के साथ भी संबंध थे। यह बात काजल को बताई गई, लेकिन काजल ने साफ कहा था कि अंकुर उसके साथ अच्छा व्यवहार करता है और वह उसी से शादी करेगी। शादी के बाद भी अंकुर ज्यादातर समय घर से बाहर ही बिताता था, जिससे रिश्तों में और खटास आती चली गई। पेपर लीक और काले कारनामों का खुलासा: मां मीना ने गंभीर आरोप लगाते हुए बताया कि काजल अपने पति अंकुर के पेपर लीक से जुड़े काले कारनामों की पूरी जानकारी रखती थी। अंकुर ने अपने दोस्त के साथ मिलकर उत्तर प्रदेश के रुड़की में एक कंप्यूटर लैब खोली हुई थी। इसी लैब के माध्यम से सरकारी नौकरियों के पेपर लीक कर पैसे लेकर लोगों को पास करवाया जाता था। लैब को तैयार करने के दौरान व्हाइट वॉश कर रहे एक युवक की मौत भी हो गई थी। इस मामले में पुलिस केस दर्ज हुआ था, लेकिन अंकुर ने पैसे देकर मामला रफा-दफा करवा लिया और बाहर आ गया। जब भी पति-पत्नी के बीच झगड़ा होता, काजल मजाक में यह बात कह देती थी कि वह उस केस से बच तो गया है, लेकिन अगर उसके साथ कुछ हुआ तो वह पुलिस में शिकायत कर देगी। इस पर अंकुर उसे धमकी देता था कि पुलिस में उसकी अच्छी सेटिंग है और वह कुछ भी कर सकता है।

कैसे रची गई हत्या की पूरी प्लानिंग मां मीना के अनुसार, 19 जनवरी को काजल अपने मायके गांव बड़ी आई थी। उसी दौरान 26 जनवरी की ड्यूटी को लेकर उसे फोन आया। 20 जनवरी को अंकुर भी गन्नौर आया और दोनों ड्यूटी के लिए एक साथ रवाना हुए। शाम को भी दोनों साथ लौटे। काजल ने मां को बताया कि वे वापस दिल्ली जा रहे हैं। अंकुर ने कहा कि 26 जनवरी की ड्यूटी कभी भी लग सकती है, इसलिए दिल्ली में ही रहेंगे। काजल रोजाना आना-जाना चाहती थी, लेकिन अंकुर ने प्लानिंग के तहत रात को द्वारका फ्लैट जाने की बात कही। इससे पहले बेटे देवांश को अपने माता-पिता के पास छोड़ दिया गया। 21 जनवरी को काजल ड्यूटी पर गई और 22 जनवरी को भी ड्यूटी से लौटकर शाम 6 बजे मां से वीडियो कॉल पर बात की। उस समय वह ड्रेस में थी और उसने बताया कि अंकुर आने वाला है। इसके बाद रात में वही विवाद हुआ, जिसने उसकी जान ले ली।

रात डंबल से की गई निर्मम हत्या मां मीना ने बताया कि इसी विवाद के बाद 22 जनवरी की रात करीब 10 बजे अंकुर ने गुस्से में आकर काजल के सिर पर डंबल से वार कर दिए। हमले के बाद अंकुर ने खुद काजल के भाई निखिल को फोन कर बताया कि उसने काजल को डंबल मारे हैं और उसे अस्पताल लेकर जा रहा है। चार दिन पार्क अस्पताल, फिर गाजियाबाद रेफर काजल को पहले दिल्ली के पार्क अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां चार दिन तक उसे एडमिट रखा गया। डॉक्टरों ने परिजनों को केवल इतना बताया कि उसकी नब्ज हल्की चल रही है। जब हालत में कोई सुधार नहीं हुआ, तो पांचवें दिन उसे गाजियाबाद के एक अस्पताल में रेफर किया गया। वहां डॉक्टरों ने काजल को मृत घोषित कर दिया। इसके बाद दिल्ली पुलिस ने पोस्टमार्टम कराकर शव परिजनों को सौंपा। अवैध कमाई से बनाई गई संपत्तियां मां मीना का कहना है कि पेपर लीक के अवैध धंधे से अंकुर ने भारी रकम कमाई। इसी पैसे से उसने छोटे भाई की होने वाली दुल्हन के लिए करीब 15 लाख रुपये की ज्वेलरी खरीदी। इसके अलावा, दिल्ली के द्वारका में फ्लैट, गन्नौर में 324 गज का करीब 55 लाख रुपये का प्लॉट छोटे भाई के नाम खरीदा और रुड़की में 112 गज का प्लॉट अपने बेटे के नाम लिया। रुड़की में प्लॉट खरीदने के लिए 19 जनवरी को वह अपने बेटे को आधार कार्ड बनवाने भी लेकर गया था। मां का कहना है कि एक क्लर्क की नौकरी में रहते हुए इतनी संपत्ति बनाना संदेह पैदा करता है।

छुट्टी की एप्लीकेशन भी नहीं की जमा मां मीना ने बताया कि मायके में जापे के लिए काजल ने छुट्टी की एप्लीकेशन लिखकर अपने पति को दी थी, ताकि वह उसे हेडक्वार्टर में जमा करवा दे। लेकिन हत्या के बाद जब अधिकारी मौके पर पहुंचे, तो संबंधित अफसरों ने बताया कि उनके पास कोई भी एप्लीकेशन जमा नहीं हुई थी। शादी के बाद कई बार हो चुकी थी मारपीट मां का कहना है कि शादी के बाद अंकुर कई बार काजल के साथ झगड़ा कर चुका था। दो बार काजल का भाई निखिल भी मौके पर गया था। उस दौरान अंकुर हाथ जोड़कर माफी मांग लेता और अपने बेटे की कसम खाकर कहता कि आगे ऐसा नहीं होगा। काजल का दिल पिघल जाता और वह रिश्ता निभाने की कोशिश करती रहती थी। पढ़ाई, खेल और कला में अव्वल थी काजल मां मीना ने बताया कि काजल शुरू से ही पढ़ाई में तेज थी। पांचवीं से दसवीं तक नवोदय विद्यालय में अपने भाई के साथ हॉस्टल में पढ़ी। पढ़ाई के साथ-साथ खेलों में भी उसकी गहरी रुचि थी। स्कूल समय में उसने नेशनल लेवल पर बास्केटबॉल में 5 से 6 गोल्ड और सिल्वर मेडल जीते थे। काजल को डांस और गाने का भी शौक था। एक साल पहले अपने भाई की शादी में उसने जमकर डांस किया था। वह सिलाई-कढ़ाई जैसे घरेलू काम भी अच्छे से जानती थी। मां का दर्द मां मीना ने कहाहमने मेहनत मजदूरी कर बेटी को पढ़ाया और वह देश की सेवा के लिए कमांडो बनी। आज मेरी बेटी और उसका अजन्मा बच्चा इस दुनिया में नहीं हैं। मैं चाहती हूं कि दोषियों को ऐसी सजा मिले, जो समाज के लिए मिसाल बने।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button