Action India

देशव्यापी किसान आंदोलन को जम्मू कश्मीर किसान मजदूर यूनियन ने दिया समर्थन, किसान विरोधी बिल को रद्द करने की मांग की

देशव्यापी किसान आंदोलन को जम्मू कश्मीर किसान मजदूर यूनियन ने दिया समर्थन, किसान विरोधी बिल को रद्द करने की मांग की
X

कठुआ। एक्शन इंडिया न्यूज़

दिल्ली बॉर्डर पर जारी देशव्यापी किसान आंदोलन से प्रेरित होकर जम्मू कश्मीर के जिला कठुआ में जम्मू कश्मीर किसान मजदूर यूनियन का गठन हुआ, जिसमें कई लोगों ने हिस्सा लिया। कठुआ के निजी रिसोर्ट में आयोजित कार्यक्रम में जम्मू कश्मीर किसान मजदूर यूनियन का गठन किया गया जिसमें संगठन के पदाधिकारियों ने केंद्र सरकार से किसान विरोधी बिल को वापस करने की मांग की।

जम्मू कश्मीर किसान मजदूर यूनियन के अध्यक्ष भगवान दास का कहना है कि देश के किसान पिछले 4 महीने से ठंड में बैठकर काले कानूनों को रद्द करने की मांग को लेकर शांतिपूर्ण धरना प्रदर्शन कर रहे है। लेकिन केंद्र सरकार उनकी मांगों को हल करने के बजाय उन्हें प्रताड़ित करने का काम कर रही है। उन्होंने कहा कि अगर किसान कृषि बिल से संतुष्ट नहीं है, तो फिर केंद्र सरकार उसे रद्द करने में संकोच क्यों कर रही है।

उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर किसान मजदूर यूनियन दिल्ली बॉर्डर पर बैठे किसानों के समर्थन में है और किसानों द्वारा जो 6 फरवरी को चक्का जाम करने का आह्वान किया गया है उसके लिए भी जम्मू कश्मीर किसान मजदूर यूनियन उनके साथ है।

वहीं कन्वीनर रूप लाल शर्मा ने पत्रकारों को संबोधित करते हुए बताया कि मोदी सरकार किसानों पर बल प्रयोग काले कानूनों को थोपना चाहती है। उन्होंने कहा कि अगर तीन काले कानूनों को वापस नहीं लिया गया तो आने वाले दिनों में किसान आंदोलन सिर्फ दिल्ली तक सीमित नहीं रहेगा बल्कि देशभर में इसकी आग फैल जाएगी। जिसे केंद्र सरकार को संभालना मुश्किल हो जाएगा।

उन्होंने कहा कि जब से मोदी सरकार आई है तब से भारत को बेचने पर उतारू हो गई है। शर्मा ने कहा कि चंद पूंजिवादियों को खुश करने के लिए मोदी सरकार इस तरह के किसान विरोधी बिल पारित कर रही है, ताकि पूंजीवादियों को फायदा पहुंचाया जा सके। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार से देश की अर्थव्यवस्था पूरी तरह से डगमगा गई है, देश के युवाओं का भविष्य अंधकार में जाता दिख रहा है, किसान सड़कों पर है, लोगों की नौकरियां चली गई। लेकिन उसके बावजूद भी मोदी सरकार जनता विरोधी फैसले लेने से नहीं टल रही। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार को किसानों के साथ बैठकर बातचीत से इस मसले को हल करना चाहिए ना कि बलपूर्वक किसानों के आंदोलन को दबाने की कोशिश की जानी चाहिए।

जम्मू-कश्मीर किसान मजदूर यूनियन कमेटी में रूपलाल शर्मा को कन्वीनर, भगवान दास अध्यक्ष, बाबूराम उपाध्यक्ष, मस्तराम उपाध्यक्ष, अशोक कुमार सचिव, दर्शन सिंह सचिव, साहिल सिंह कैश्यिर बनाया गया है।

Next Story
Share it