Action India

शमी का खुलासा- एक समय ऐसा भी था जब वह आत्महत्या करना चाहते थे

शमी का खुलासा- एक समय ऐसा भी था जब वह आत्महत्या करना चाहते थे
X

नई दिल्ली । एएनएन (Action News Network)

भारतीय क्रिकेट टीम के तेज गेंदबाज मोहम्मद शमी ने कहा कि उनके जिंदगी में एक समय ऐसा आया था, जब वह आत्महत्या करने के बारे में सोच रहे थे। शमी ने रोहित शर्मा के साथ इंस्टाग्राम लाइन सत्र के दौरान कहा कि 2015 विश्वकप में चोट के कारण वो क्रिकेट से 18 महीने तक दूर रहे थे। इस दौरान उनका मनोबल काफी टूट सा गया था और वो तनाव में रहने लगे थे। इसके साथ-साथ उनके साथ कुछ ऐसी निजी मुश्किलें भी सामने आई जिसने उनका दिल पूरी तरह से टूट गया था।

शमी ने कहा कि मेरी निजी जिन्दगी में हुई उछल-पुथल से मैं काफी टूट गया था, उस दौरान उनके परिवार वालों ने मेरा पूरा साथ दिया। उस तनाव वालों समय में मैं आत्महत्या के बारे में भी सोचने लगा, वो तो मेरा परिवार हमेशा मेरे साथ खड़ा रहा जिससे मैं इस मुश्किल घड़ी से बाहर निकल पाया।बता दें कि कुछ समय पहले शमी की पत्नी हसीन जहां ने उनपर उनको धोखा देने और किसी दूसरी लड़की के साथ संबंध रखने की बात कही थी। इसके अलावा हसीन जहां ने उनपर घरेलू हिंसा का भी आरोप लगाया था।

इंस्टाग्राम पर लाइव चैट के दौरान शमी ने रोहित से उनके उस शतक के बारे में पूछा जो उनके लिए विशेष था। इसका जवाब देते हुए रोहित ने कहा कि 50 ओवर के प्रारूप में उनके द्वारा बनाए गए सभी तीनों दोहरे शतक उनके लिए समान रूप से विशेष हैं। चैट के दौरान रोहित और शमी दोनों ने कहा कि कोरोना वायरस के बाद प्रतिस्पर्धी क्रिकेट में लौटने से पहले खिलाड़ियों को कम से कम दो सप्ताह का समय चाहिए होगा। रोहित ने कहा कि वह टीम के बाकी खिलाड़ियों से ज्यादा समय से ब्रेक पर हैं।

रोहित ने कहा, “हमें बल्लेबाजी का ज्यादा समय मिलना चाहिए। मैं पहले से चोटिल था और तुम लोगों से पहले मुंबई आ गया था। मैं फरवरी में चोटिल हो गया था और मैंने तब से बल्ला नहीं पकड़ा है। मुझे लगता है कि खेलने से पहले हमें दो-तीन सप्ताह चाहिए होंगे। बल्लेबाजी पर फोकस करना बेहद जरूरी है।”कोरोना वायरस के कारण काफी टूर्नामेंट्स और आईपीएल स्थगित कर दिए गए हैं। रोहित और शमी ने कहा है कि खिलाड़ियों को लॉकडाउन के बाद प्रतिस्पर्धी क्रिकेट में लौटने से पहले राष्ट्रीय क्रिकेट अकादमी (एनसीए) में जाना चाहिए।

Next Story
Share it