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योग से होता है शरीर में नई ऊर्जा और उत्साह का संचार : राजेन्द्र कुमार

योग से होता है शरीर में नई ऊर्जा और उत्साह का संचार : राजेन्द्र कुमार
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लोहरदगा। एएनएन (Action News Network)

पतंजलि योग समिति और भारत स्वाभिमान जिला लोहरदगा के तत्वावधान में रविवार को जिला व्यवहार न्यायालय में आयोजित सात दिवसीय योग शिविर का समापन हुआ।प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश राजेन्द्र कुमार जुमनानी ने कहा कि योग प्राणायाम करने से शरीर में नई ऊर्जा और उत्साह का संचार होता है। योग निरन्तरता के साथ प्रतिदिन करना चाहिए। यह स्वस्थ रहने का सशक्त माध्यम है। उन्होंने जिला प्रभारी एवं मुख्य योग प्रशिक्षक प्रवीण कुमार भारती द्वारा कुशलता पूर्वक योग प्रशिक्षण देने के लिए धन्यवाद दिया।

सात दिवसीय योग प्रशिक्षण में व्ययहार न्यायालय के सभी जजों एवं कर्मचारियों को भस्त्रिका, कपालभाति एवं अनुलोम-विलोम, प्राणायाम तथा साथ ही यौगिक जॉगिंग, मंडूकासन,सर्वांगासन, शशकासन, वक्रासन, अर्धचंद्रासन, मर्कटासन एवं ध्यान का अभ्यास कराया गया।

जिला प्रभारी प्रवीण कुमार भारती ने कहा कि योग प्राणायाम को जीवनशैली बनायें, योग रोगों के मूल कारण को निर्मूल कर स्वास्थ्य प्रदान करता है और शरीर के पूरे सिस्टम को ठीक करता है। योग जीवन दर्शन, आत्मानुशासन, जीवन पद्धति है। योग से लाभ पाने के लिए नियमित जीवनशैली आवश्यक है। आज लोग अनियमित जीवनशैली, अनियमित खानपान, अनियमित सोना-जागना, तनाव के शिकार होकर असाध्य रोगों के शिकार हो रहे हैं। क्योंकि प्रकृति के साथ नहीं चलने से प्रकृति भी दण्डित करती है। इसलिए आहार, निद्रा और ब्रह्मचर्य की महिमा सर्वाधिक महत्वपूर्ण है।

शिविर में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश राजेंद्र कुमार जुमनानी सहित एडीजे प्रथम गोपाल पांडेय, एडीजे द्वितीय चौधरी एहसान मोइज, एडीजे तृतीय अरविंद कुमार, एडीजे चतुर्थ कंकन पट्टादार, मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी अर्चना कुमारी, एसीजे एम चन्दन कुमार, एसडीजे एम मनोज कुमार आदि मौजूद थे।

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