
पानीपत में सात करोड़ रंगदारी कांड का खुलासा, चार आरोपित गिरफ्तार, साजिश बेनकाब
पानीपत
जिले के एक शिक्षण संस्थान के चेयरमैन से सात करोड़ रुपये की रंगदारी मांगने के मामले का पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया है। पुलिस ने इस मामले में चार आरोपितों अजय, रोहित, अमित और रिहान को गिरफ्तार किया है। एसपी भूपेंद्र सिंह ने शनिवार को प्रेसवार्ता में पूरे मामले का खुलासा किया।
एसपी ने बताया कि मुख्य आरोपित अजय वर्ष 2022 में डंकी रूट के जरिए अमेरिका गया था। वर्ष 2026 में वह वापस भारत लौट आया। यहां आने के बाद उसका संपर्क कुछ युवकों से हुआ और उसने रंगदारी की साजिश रची। सबसे पहले अजय ने रोहित को अपने साथ जोड़ा। इसके बाद रोहित ने अमित से संपर्क किया, जबकि अमित ने रिहान को योजना में शामिल किया।
गंभीर परिणाम भुगतने की दी धमकी
पुलिस जांच में सामने आया कि रिहान संबंधित शिक्षण संस्थान का पूर्व छात्र रह चुका है। इसी कारण उसके पास संस्थान के चेयरमैन का मोबाइल नंबर था। रिहान ने चेयरमैन का नंबर अपने साथियों को उपलब्ध कराया, जिसके बाद आरोपितों ने फोन कर सात करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी। रकम नहीं देने पर गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी भी दी गई।
जांच के दौरान यह भी सामने आया कि चारों आरोपित आपस में एक मोबाइल एप के जरिए वीडियो काल कर बातचीत करते थे, जिससे उनकी गतिविधियों का आसानी से पता न चल सके। इसी माध्यम से पूरी साजिश तैयार की गई और रंगदारी मांगने की योजना बनाई गई।
आरोपियों से पूछताछ कर रही पुलिस
पुलिस ने तकनीकी जांच और अन्य साक्ष्यों के आधार पर चारों आरोपितों को पानीपत से गिरफ्तार कर लिया। सभी आरोपित पानीपत जिले के आसपास के गांवों के रहने वाले हैं। पुलिस आरोपितों से पूछताछ कर रही है और यह भी जांच की जा रही है कि कहीं वे पहले भी इस तरह की किसी वारदात में शामिल तो नहीं रहे। साथ ही मामले में अन्य संभावित कड़ियों की भी जांच जारी है।




