
पंजाब विधानसभा में 9 विधेयकों पर चर्चा, खैहरा के सवालों पर मंत्री अरोड़ा का पलटवार
चंडीगढ़.
पंजाब विधानसभा के मानसून सत्र के सोमवार आखिरी दिन की कार्यवाही शुरू हो गई है। आज का दिन काफी अहम रहने वाला है। सदन में सरकार की ओर से कुल आठ विधेयक पेश किए जाएंगे। आखिरी दिन भी विपक्ष आक्राम नजर आया।
पंजाब विधानसभा में कांग्रेस विधायक सुखपाल सिंह खैहरा ने पंचायत विभाग में गबन के आरोपी अधिकारी की बहाली और नडाला ब्लॉक खाते से 25 लाख रुपये के संदिग्ध लेन-देन का मुद्दा उठाकर विजिलेंस जांच की मांग की। वहीं, कैबिनेट मंत्री अमन अरोड़ा ने ह्यूमन ट्रैफिकिंग और फ्लैश ट्रेड के अंतर को स्पष्ट करते हुए कहा कि दोनों अलग-अलग मुद्दे हैं और सरकार किसी भी अवैध गतिविधि या गंभीर शिकायत पर निष्पक्ष कार्रवाई करेगी।
- खैहरा ने पंचायत विभाग पर उठाए सवाल।
- विधानसभा में परिसीमन का मुद्दा उठाया गया।
- बाजवा ने उठाया बाहरी युवाअओं को नौकरी देने का मुद्दा।
- 8 विधायकों पर आज चर्चा होगी व मुहर लगेगी।
- कांग्रेस ने विधानसभा के बाहर प्रदर्शन किया।
- पंजाब मानसून सत्र का आखिरी दिन शुरू।
बाढ़ पर भी हुई चर्चा –
फिरोजपुर ग्रामीण विधायक रजनीश कुमार दहिया ने सतलुज नदी किनारे बसे गांवों में बाढ़ के खतरे और जर्जर ढांचों का मुद्दा उठाया। जल संसाधन मंत्री बरिंदर कुमार गोयल ने बताया कि पिछले बाढ़ सीजन में कुछ पुराने ढांचे क्षतिग्रस्त हुए थे, हालांकि मुख्य सुरक्षा बंध पूरी तरह सुरक्षित है। क्षतिग्रस्त ढांचों की मरम्मत और पुनर्निर्माण के लिए विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (DPR) केंद्र सरकार को मंजूरी के लिए भेज दी गई है। इसके अलावा, संवेदनशील स्थानों की समीक्षा के बाद करीब पांच करोड़ रुपये खर्च करके नए स्पर, जियो-बैग और स्टड बनाए गए हैं, जिससे गांवों की सुरक्षा मजबूत हुई है।
परिसीमन का भी उठा मुद्दा
पंजाब विधानसभा में विधायक राणा इंदरप्रताप सिंह ने परिसीमन के बाद छोटे राज्यों के हित प्रभावित होने की आशंका जताई। उन्होंने अमेरिका और ऑस्ट्रेलिया की तर्ज पर राज्यसभा में सभी राज्यों को समान प्रतिनिधित्व देने के लिए केंद्र को प्रस्ताव भेजने की मांग की। इसके अलावा, उन्होंने सुल्तानपुर लोधी में कथित मानव तस्करी का मुद्दा उठाते हुए पुलिस कार्रवाई पर सवाल खड़े किए और सरकार से इस पर स्थिति स्पष्ट करने को कहा।
बाजवा ने उठाया बाहरी नौकरियों का मुद्दा
नेता प्रतिपक्ष प्रताप सिंह बाजवा ने आरोप लगाया कि स्वास्थ्य विभाग और बिजली बोर्ड जैसी सरकारी भर्तियों में पंजाबियों का हक मारकर हरियाणा, राजस्थान और दिल्ली के युवाओं को नौकरियां दी जा रही हैं। जवाब में स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने स्पष्ट किया कि 237 पदों की भर्ती में पंजाब से पढ़े युवा शामिल हैं और सिर्फ बाहरी डिग्री के आधार पर बाहर नहीं किया जा सकता। इसके अलावा सदन में विधेयकों पर पर्याप्त चर्चा, पेंशनरों की ऐप संबंधी समस्या और समाना के दुकानदारों के मुद्दे भी उठे।
विधानसभा के बाहर कांग्रेस का प्रदर्शन
नेता प्रतिपक्ष प्रताप सिंह बाजवा के नेतृत्व में कांग्रेस विधायकों ने विधानसभा परिसर में प्रदर्शन कर आम आदमी पार्टी सरकार पर जमकर निशाना साधा। कांग्रेस ने सरकार के कामकाज पर सवाल उठाते हुए उसे ‘झूठ का पुलिंदा’ और ‘गप्पे मारने वाली सरकार’ करार दिया। विधानसभा की कार्यसूची के अनुसार सदन में प्रश्नकाल के बाद गैर-सरकारी कार्य होगा। इसके बाद नियम 16 के तहत प्रस्ताव और फिर विधायी कामकाज लिया जाएगा। सरकार की ओर से कुल आठ विधेयक पेश करने और उन्हें विचार-विमर्श के बाद पारित कराने का प्रस्ताव है। कार्यसूची के अनुसार प्रश्नकाल में विभिन्न सदस्यों की ओर से जल संसाधन, किसानों और पीएसपीसीएल से जुड़े मुद्दे उठाए जाएंगे।




