
राहुल गांधी ने युवाओं के साहस को सलाम किया, छात्राओं के संघर्ष पर खुलकर बोले
नई दिल्ली
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट शेयर किया है. इस पोस्ट के जरिए उन्होंने देश के युवाओं की जमकर तारीफ की है. उन्होंने युवाओं के हौसले और उनकी हिम्मत को सलाम किया है.
राहुल गांधी ने अपने पोस्ट में देश के युवाओं की सराहना की है. उन्होंने कहा कि भारत के युवाओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के शासन के खिलाफ गजब का साहस दिखाया है. युवाओं ने पूरी मजबूती के साथ खड़े होकर सरकार से जवाबदेही की मांग की है.
राहुल ने कहा कि युवाओं ने यह लड़ाई बहुत ही शांति और संयम के साथ लड़ी है. मोहब्बत और हंसी-मजाक के जरिए अपनी आवाज को देश के सामने बुलंद किया है. राहुल गांधी ने कहा कि उन्हें देश के हर एक युवा पर गर्व महसूस होता है.
राहुल गांधी ने ट्वीट में साढ़े दस मिनट का वीडियो भी शेयर किया है. इस वीडियो में वे कॉकरोच जनता पार्टी और छात्र संगठनों के नीट प्रोटेस्ट में शामिल हुए प्रोटेस्टर्स से बातचीत करते नजर आ रहे है.
पुलिसिया जुल्म और बर्बरता की सुनाईं दास्तां
वीडियो में राहुल से बातचीत में एक छात्रा ने अपनी बात रखी. उसने कहा कि उसका पेपर लीक नहीं हुआ था. फिर भी वह अपनी बहन के समर्थन में आई थी. युवाओं के साथ हो रहे अन्याय के खिलाफ बोलना उसका फर्ज था.
छात्रों ने पुलिस पर क्रूरता का आरोप लगाया. उन्होंने बताया कि पुलिस ने बेहद बर्बरता से लाठीचार्ज किया. एक छात्रा को सात लाठियां मारी गईं. पुलिसकर्मियों ने अपनी नेम-प्लेट उतार रखी थी. उनके चेहरे रुमाल और मास्क से ढके थे. कुछ पुलिसकर्मी सादे कपड़ों और चप्पलों में थे. उन्होंने दिल्ली पुलिस का हेलमेट पहनकर बेरहमी से पीटा.
प्रदर्शन में पैलेट गन का भी इस्तेमाल हुआ. एक छात्रा ने अपनी आंखों से देखी एक भयानक घटना का जिक्र किया. एक छात्र के कान के पास पैलेट गन से गोली मारी गई. उसका कान कटकर लटक गया था. उसे तुरंत सर्जरी करानी पड़ी.
प्रोटेस्टर्स ने राहुल को पूरी बात बताई. उन्होंने कहा कि पुलिस और अधिकारियों ने उन्हें देशद्रोही और आतंकवादी कहा. कई छात्रों को वैनिटी वैन में बंद कर दिया गया. उन्हें छह घंटे तक बंधक बनाकर रखा गया. उनके फोन भी छीन लिए गए. अधिकारियों ने उन्हें लगातार भद्दी गालियां दीं.
छात्राओं ने मानसिक प्रताड़ना का भी आरोप लगाया. मुंबई नीट प्रोटेस्ट में शामिल हुईं रिया अहीर ने एक और बात बताई. उन्होंने कहा कि उनके सामान्य फोटो और वीडियो को ब्लर कर दिया गया. उन्हें सोशल मीडिया पर गलत तरीके से वायरल किया गया. ऐसा उन्हें बदनाम और डराने के लिए किया गया था.
जबरन माफी, प्रधानमंत्री के रिएक्शन पर भी उठाए सवाल
छात्रों ने एक और गंभीर मुद्दे पर बात की. उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लड़कियों को जबरन कैमरे के सामने माफी मांगने के लिए मजबूर किया गया. जबकि उन लड़कियों ने कोई गलती नहीं की थी.
छात्रों ने एक बड़ा सवाल उठाया. उन्होंने कहा कि जब कोई माफी मांगी ही नहीं गई थी, तो जबरन ऐसा क्यों कराया गया? प्रधानमंत्री ने उस माफी को स्वीकार किया और धन्यवाद दिया. इसका क्या मतलब है? छात्रों ने इस पूरी घटना को एक ड्रामा करार दिया.
वीडियो के आखिर में छात्रों ने कहा कि यह संघर्ष सिर्फ उनका नहीं है. यह देश के हर उस नागरिक के लिए है जिसके साथ अन्याय हो रहा है. दूसरों के अधिकारों के लिए खड़े होना ही असली राष्ट्रवाद हैय
छात्रों ने कहा कि उस दिन उन्होंने तानाशाही का हर रूप देख लिया. जिस खाकी को उनकी रक्षा करनी चाहिए थी, वही उन पर लाठियां बरसा रही थी. इसके बावजूद देश के युवाओं का हौसला नहीं टूटा है। वे अपने हक और न्याय के लिए शांतिपूर्वक अपनी आवाज बुलंद करते रहेंगे।
लड़कियों के संघर्ष और हिम्मत को राहुल ने किया सलाम
अपने ट्वीट में राहुल गांधी ने विशेष तौर पर देश की बेटियों और लड़कियों का जिक्र किया है. उन्होंने कहा कि उन्हें उन लड़कियों पर सबसे ज्यादा गर्व है जिन्होंने मुश्किल हालातों का सामना किया. इन लड़कियों को बीजेपी के लोगों की तरफ से बदसलूकी और गाली-गलौज का सामना करना पड़ा. उन्हें हिंसा और धमकियों का भी सामना करना पड़ा.
राहुल गांधी ने कहा कि इतना ही नहीं, हालात ऐसे बनाए गए कि उन्हें प्रधानमंत्री से माफी मांगने के लिए मजबूर किया गया. लेकिन इन तमाम ज्यादतियों के बाद भी उनका हौसला नहीं टूटा है. अब देश की इन बेटियों की आवाज को कोई भी ताकत दबा नहीं सकेगी.
पुणे में 22 अगस्त को होगा 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम
राहुल गांधी ने युवाओं और खास तौर पर छात्राओं के लिए एक बड़े कार्यक्रम का ऐलान किया है. उन्होंने बताया कि आगामी 22 अगस्त को 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम पुणे पहुंचने वाला है. इस बार के इस स्पेशल कार्यक्रम की एक बड़ी खासियत होगी. यह कार्यक्रम पूरी तरह से सिर्फ और सिर्फ लड़कियों के लिए आयोजित किया जाएगा.
राहुल का कहना है कि इस मंच के जरिए देश की बेटियां खुलकर अपनी बात रखेंगी. राहुल गांधी ने जोर देकर कहा है कि अब देश की लड़कियां खुद बोलेंगी और पूरा देश उनकी बात सुनेगा.
राहुल गांधी ने अपने पोस्ट के आखिर में लोगों से इस मुहिम से जुड़ने की अपील की है. उन्होंने एक रजिस्ट्रेशन लिंक भी शेयर किया है ताकि इच्छुक लोग आसानी से जुड़ सकें. उन्होंने क्यूआर कोड और लिंक के माध्यम से रजिस्ट्रेशन करने के लिए कहा है ताकि ज्यादा से ज्यादा संख्या में लोग इस अभियान का हिस्सा बन सकें. कांग्रेस पार्टी इस कार्यक्रम के जरिए युवाओं और छात्रों के मुद्दों को आक्रामक तरीके से उठाने की तैयारी कर रही है.



